जींद में पलटी रोडवेज बस, 12 यात्री घायल हुए:स्विफ्ट कार को बचाने के प्रयास में हादसा; मांडी कलां से आ रही थी
ग्रामीणों के अनुसार, यह हादसा सामने से आ रही एक गाड़ी को बचाने के चक्कर में हुआ। टोल बचाने के लिए एक स्विफ्ट कार में सवार कुछ लोग तेजी से आ रहे थे। उन्हें बचाने के लिए ड्राइवर को इमरजेंसी ब्रेक लगाने पड़े, जिससे बस पलट गई।
घटना के बाद, ग्रामीणों ने ही यात्रियों को बस से बाहर निकाला और एम्बुलेंस बुलाकर अस्पताल भेजा। घटना के बाद स्विफ्ट गाड़ी में सवार लोग मौके से फरार हो गए। फिलहाल, इस मामले में पुलिस को कोई शिकायत नहीं दी गई है।

ट्रैफिक पुलिस में हेड कॉन्स्टेबल रामनिवास ने बताया कि बस मांडी कलां से जींद जा रही थी। बस का रूट सुबह 10 बजे का था। खटकड़ की तरफ से एक गाड़ी टोल टैक्स बचाने के लिए रॉन्ग साइड से आई, जिसे बचाने के चक्कर में हादसा हो गया। अगर यहां ब्रेकर होता तो हादसा नहीं होता। जब हम मौके पर पहुंचे तो ग्रामीणों की मदद से बस में सवार यात्रियों को बाहर निकाला गया।
रामनिवास के मुताबिक, किसी भी यात्री को ज्यादा चोट नहीं लगी है, लेकिन कुछ लोगों को जींद सिविल अस्पताल भेजा गया है। लापरवाही कार सवारों की है, जिनको बचाने के लिए बस ड्राइवर ने इमरजेंसी ब्रेक लगाए। रोड पर इमरजेंसी ब्रेक लगने के निशान हैं। बस यात्रियों से भरी हुई थी।

एम्बुलेंस ड्राइवर सुरेश कुमार ने बताया कि हादसा बड़ौदी गांव के पास हुआ। बस ड्राइवर ने गाड़ी को बचाने की पूरी कोशिश की। कार तो बच गई, लेकिन बस रोड साइड में जाकर पलट गई। बस में काफी यात्री सवार थे। यात्रियों ने भी यही बताया कि इसमें बस के ड्राइवर की कोई गलती नहीं है। उसने किसी की जान बचाने के लिए ही ब्रेक लगाए।
सुरेश के मुताबिक, अगर ड्राइवर ब्रेक नहीं लगाता तो कार सीधी बस से जा टकराती। गाड़ी वाला ही कसूरवार है, क्योंकि वे लोग टोल बचाने के लिए रॉन्ग साइड से आए। वे एम्बुलेंस में सिविल अस्पताल में 9 मरीज लेकर आए हैं और दूसरी एम्बुलेंस में भी कुछ मरीज अस्पताल लाए गए हैं। किसी की जान को खतरा नहीं है, सभी को मामूली चोटें आई हैं।




