हरियाणा नगर निकाय चुनाव का ऐलान, 10 मई को वोटिंग:सोनीपत-पंचकूला और अंबाला में मेयर चुने जाएंगे, पंचायत उपचुनाव भी साथ; 13 को रिजल्ट
हरियाणा में सोमवार को नगर निगम चुनाव का ऐलान कर दिया गया। हरियाणा चुनाव आयोग ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि सोनीपत-पंचकूला और अंबाला नगर निगम में 10 मई को वोटिंग होगी और 13 मई को रिजल्ट आएगा।
राज्य चुनाव आयुक्त देवेंद्र कल्याण ने बताया कि पंचायत के उपचुनाव भी नगर निकायों के साथ होंगे। पानीपत और करनाल जिला परिषद के 1-1 वार्ड, 12 ब्लॉक समिति सदस्यों, 29 सरपंच, 485 पंचों के लिए वोटिंग होगी। वोटिंग के ऐलान के साथ ही सभी जगह चुनाव आचार संहिता लागू हो गई है। पंचायती राज के रिजल्ट मतदान वाले दिन यानी 10 मई को ही आ जाएंगे।
चुनाव ड्यूटी देने वाले कर्मचारियों को अब केंद्रीय चुनाव आयोग के तय दरों के बराबर मानदेय मिलेगा। वोटिंग EVM से होगी, लेकिन वीवीपैट का इस्तेमाल नहीं होगा।
कहां-कहां चुनाव होंगे
- नगर निगमः अंबाला, पंचकूला व सोनीपत
- नगर परिषदः रेवाड़ी
- नगर पालिकाः सांपला (रोहतक), उकलाना (हिसार) व धारूहेड़ा (रेवाड़ी)
पंचायती राज के उप चुनाव भी शहरी स्थानीय निकाय चुनावों के साथ होंगे। इनमें पानीपत व करनाल में जिला परिषद के एक-एक वार्ड के लिए उपचुनाव होगा। इसके अलावा 12 ब्लॉक समितियों और 29 गांवों में सरपंच पदों पर भी उपचुनाव होगा।
आज से ही आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। जिन कर्मचारियों की ड्यूटी चुनाव में लगी है, उनके तबादलों पर रोक लगा दी गई है। इसके लिए चीफ सेक्रेटरी को लेटर लिखा गया है।
राज्य चुनाव आयुक्त देवेंद्र कल्याण ने स्पष्ट किया कि आज से ही आचार संहिता लागू हो गई है। आदर्श आचार संहिता वहीं लागू होगी, जहां चुनाव होने हैं। पंचकूला में 14 अप्रैल को अंबेडकर जयंती पर राज्य स्तरीय कार्यक्रम प्रस्तावित है, इसके लिए भी अब निर्वाचन अधिकारी से अनुमति लेनी होगी।

पहले नियम था कि NOTA को सबसे अधिक वोट मिलने की स्थिति में नोटा विजेता बनता था, यानी दोबारा चुनाव कराने का प्रावधान था। इस बार ऐसा नहीं होगा। बल्कि नोटा के वोट निकालकर जिस प्रत्याशी को सबसे ज्यादा वोट मिलेंगे, उसे विजेता घोषित किया जाएगा। यानी नोटा चुनाव नतीजों पर असर नहीं डाल पाएगा।

उधर, हरियाणा नगर निगम चुनाव को लेकर कांग्रेस-भाजपा अपनी पूरी तैयारी कर चुकी हैं। दोनों ही पार्टियां अपने अंबाला-सोनीपत व पंचकूला के लिए प्रभारी नियुक्त कर चुकी हैं। कांग्रेस तो मेयर व पार्षद के भावी कैंडिडेट से बॉयोडेटा भी ले चुका है। पंचकूला के लिए बनाई गई कमेटी में सांसद वरूण चौधरी, एमएलए चंद्रमोहन को शामिल किया गया है।
कांग्रेस के सीएलपी लीडर भूपेंद्र सिंह हुड्डा भी ऐलान कर चुके हैं कि उनकी पार्टी मेयर का चुनाव सिंबल पर लड़ेगी, जिसके लिए उनकी तैयारियां पूरी हैं। हालांकि पंचकूला में कांग्रेस फिलहाल अंर्तकलह से जूझ रही है। मेयर के संभावित 4 कैंडिडेट को शो-कॉज नोटिस भी MLA की शिकायत पर जारी हुए हैं। ऐसे में उनके लिए परिस्थतियां सही नहीं हैं।
पंचकूला नगर निगम में भारतीय जनता पार्टी ने 2020 में मेयर पद हुए चुनाव में जीत हासिल की थी। यहां से मेयर का चुनाव भाजपा उम्मीदवार कुलभूषण गोयल ने जीता था। कुलभूषण गोयल को कुल 49860 वोट मिले थे, जबकि कांग्रेस की उम्मीदवार उपेंद्र कौर अहलूवालिया को 47 हजार 803 वोट मिले।
अंबाला में 2 मार्च को नगर निगम चुनाव हुए थे। वोटिंग के दस दिन बाद यानी 12 मार्च को आए परिणाम में बीजेपी ने इस सीट पर जीत हासिल की थी। बीजेपी की प्रत्याशी शैलजा संदीप सचदेवा ने कांग्रेस की अमीषा सचदेवा को 20 हजार से भी अधिक मार्जिन से हराया था। 14 राउंड की वोटिंग के बाद 40 हजार 620 वोट मिले। वहीं कांग्रेस की अमीषा सचदेवा सिर्फ 20 हजार 133 वोट हासिल कर पाई थीं।
सोनीपत नगर निगम मेयर पद के लिए मार्च 2025 में उप चुनाव हुए थे। इस चुनाव में भाजपा प्रत्याशी राजीव जैन ने जीत दर्ज की थी। उन्होंने मेयर उपचुनाव में कांग्रेस के कमल दिवान को 34,749 वोटों से हरा दिया था।




