कुश्ती छोड़ी, खेत में बहाया पसीना, फिर शूटिंग में रचा इतिहास! जींद के हिमांशु ने जीते 2 मेडल

जींद ( साहिल कसून ) हिमांशु ने 2018 में कुश्ती से अपने खेल की शुरूआत की। कोविड में पिता ने खेत के काम में लगाया। 6 माह खेत में पसीना बहाने के बाद हिमांशु ने फिर खेलों में लौटने का मन बनाया। कोच ने कुश्ती छोड़ एयर राइफल में डाला। अब जापान में चल रहे एशियन गेम्स में 10 मीटर में दो पदक जीते और दोहा में होने वाले अन्तर्राष्ट्रीय खेलों के लिए अपना टिकट पक्का कर लिया है।
दो रजत पदक जीतने पर हिमांशु को पूर्व केंद्रीय मंत्री चौ. बीरेंद्र सिंह और सांसद नवीन जिंदल ने X पर बधाई दी। प्रतियोगिता 19 सितंबर से 4 अक्टूबर तक चलेगी।

शुरूआत में हिमांशु की खेलों में कम रूचि थी। कोविड के दौरान जब मैने हिमांशु को खेती के काम में लगाया। 6 माह पसीना बहाने के बाद हिमांशु ने फिर खेल को अपनाने की इच्छा जताई। पिता शमशेर ढिल्लो ने कहा कि उपलब्धि में कोच के साथ सांसद नवीन जिंदल और ओलिंपिक गोल्ड पोस्ट का विशेष योगदान रहा है।

हिमांशु ने 2025 में दिल्ली में आयोजित 10 मीटर एयर आईएसएसएफ जूनियर प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल जीता। 2025 में आईएसएसएफ जूनियर वर्ल्ड कप में गोल्ड मेडल जीता। 2026 में एशियन चैंपियनशिप में जूनियर में गोल्ड व मिक्सड में गोल्ड मेडल जीते। हिमांशु इससे पहले स्टेट व जिला स्तर पर कई पदक जीत चुके हैं।






