भाखड़ा डैम में 36 फुट ज्यादा पानी: हरियाणा को राहत, इस बार पानी पर नहीं होगा विवाद

हरियाणा और पंजाब के बीच भाखड़ा के पानी को लेकर पिछले साल हुए विवाद के बाद इस बार राहत भरी स्थिति सामने आई है। भाखड़ा बांध में इस समय पानी का स्तर सामान्य से करीब 36 फुट अधिक है, जिससे हरियाणा के हिस्से के पानी को लेकर फिलहाल कोई संकट नहीं दिख रहा।इसी को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने शनिवार को अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की और स्पष्ट निर्देश दिए कि गर्मी के मौसम में पेयजल आपूर्ति किसी भी हाल में प्रभावित नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी हिस्सों में पीने का पानी प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराया जाए और जरूरत पड़ने पर टैंकरों से भी सप्लाई सुनिश्चित की जाए।पिछले साल गर्मियों में भाखड़ा के पानी के बंटवारे को लेकर हरियाणा और पंजाब के बीच तीखा विवाद हुआ था। पानी की कमी के चलते दोनों राज्यों के बीच आरोप-प्रत्यारोप हुए थे और मामला केंद्र तक पहुंच गया था। हरियाणा ने अपने हिस्से का पूरा पानी न मिलने का मुद्दा भी उठाया था।अधिकारियों के अनुसार, इस साल भाखड़ा में पानी की उपलब्धता अच्छी है। हरियाणा ने अभी तक अपने कोटे का केवल 75-76 प्रतिशत ही उपयोग किया है, जिससे आने वाले महीनों में पेयजल और सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध रहने की संभावना है।मुख्यमंत्री सैनी ने निर्देश दिए कि नहरों से जुड़े सभी जलघर और तालाब भरकर रखे जाएं। खराब ट्यूबवेल तुरंत ठीक किए जाएं। जरूरत पड़ने पर टैंकरों से पानी सप्लाई की जाए। नहरों की सफाई और मरम्मत का काम तेज किया जाए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में पानी की कमी नहीं आने दी जाएगी।सीएम सैनी ने बताया कि किशाऊ समेत अन्य अंतरराज्यीय जल परियोजनाओं को लेकर जल्द ही केंद्र के जल शक्ति मंत्रालय और संबंधित राज्यों के साथ बैठक की जाएगी, ताकि भविष्य में पानी को लेकर किसी तरह का विवाद न हो।




